

मंदिर से बच्चों संग घर लौट रहे पिता की बाइक भिड़ी, दो मासूमों समेत चार घायल; इलाज के दौरान मौतपांच माह पहले सांप के डसने से बड़े भाई की हुई थी मौत, अब जीत यादव की मौत से परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़सुपर फ़ास्ट टाइम्स खड्डा। हनुमानगंज थाना क्षेत्र के पनियहवा-नेबुआ हाईवे मार्ग पर सोमवार शाम करीब पांच बजे दो बाइकों की आमने-सामने हुई भीषण टक्कर में दो मासूम बच्चों समेत चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे में नगर पंचायत छितौनी के गांधीनगर वार्ड निवासी अजीत यादव उर्फ जीत यादव (40) की सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तुर्कहा में इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया।जानकारी के अनुसार जीत यादव सोमवार को अपने पांच वर्षीय पुत्र आयुष और तीन वर्षीय पुत्र पीयूष को बाइक पर बैठाकर श्री पाथलेश्वर नाथ मंदिर गए थे। सावन के दूसरे सोमवार को मंदिर से पूजा-अर्चना कर वह दोनों बच्चों के साथ घर लौट रहे थे। इसी दौरान छितौनी बाईपास और पनियहवा चौराहे के बीच अवधेश हार्डवेयर की दुकान के समीप सामने से आ रही बाइक से उनकी बाइक की जोरदार टक्कर हो गई।दूसरी बाइक पर पडरौना कोतवाली क्षेत्र के त्रिलोकपुर मरचहवा निवासी लक्ष्मण गोंड (40) सवार थे। टक्कर इतनी भीषण थी कि जीत यादव, उनके दोनों मासूम बच्चे और लक्ष्मण गोंड सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद मौके पर राहगीरों की भीड़ जुट गई। सूचना मिलते ही हनुमानगंज थाने के एसआई संजीव मौर्य पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और एंबुलेंस की मदद से सभी घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तुर्कहा पहुंचाया।चिकित्सकों ने जीत यादव का उपचार शुरू किया, लेकिन उनकी हालत लगातार गंभीर बनी रही। जिला अस्पताल रेफर किए जाने से पहले ही चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। दोनों मासूम बच्चों और लक्ष्मण गोंड का उपचार स्वास्थ्य केंद्र में चल रहा है।पांच माह पहले सांप ने छीना था बड़ा भाई, अब हादसे में जीत की मौतजीत यादव की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिजनों के अनुसार करीब पांच माह पहले ही उनके बड़े भाई सुखल यादव की सांप के काटने से मौत हो गई थी। परिवार अभी उस सदमे से उबर भी नहीं पाया था कि सोमवार को सड़क हादसे में जीत यादव की मौत हो गई। एक के बाद एक दो भाइयों की मौत से परिवार में मातम पसरा हुआ है।गर्भवती पत्नी का रो-रोकर बुरा हालजीत यादव की पत्नी आरती यादव गर्भवती हैं और सोमवार को सावन के दूसरे सोमवार का व्रत रखी थीं। पति की मौत की खबर मिलते ही वह बेसुध हो गईं। परिजनों के अनुसार वह बार-बार पति को याद कर बिलखती रहीं। घर में महिलाओं और बच्चों की चीख-पुकार से माहौल गमगीन हो गया।जीत यादव अपने पीछे पत्नी और दो मासूम बच्चों समेत परिवार को छोड़ गए हैं। कुछ ही महीनों के अंतराल में परिवार के दो बेटों को खोने की घटना से पूरे गांधीनगर वार्ड में शोक की लहर है।पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त दोनों बाइकों को कब्जे में ले लिया है। शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस हादसे के कारणों की जांच में जुटी है।
