कुशीनगर: तरयासुजान थाना क्षेत्र के बीरवट कोन्हवलिया गांव में 10 अप्रैल को 5 साल की नाबालिग बच्ची के साथ कथित बलात्कार की घटना में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। शुरुआती जांच में परिजनों के तहरीर के आधार पर स्कूल के प्रधानाचार्य पर शक हुआ था, जिन्हें गिरफ्तार कर पूछताछ भी की गई, लेकिन गहन छानबीन के बाद उन्हें क्लीन चिट दे दी गई। असली दोषी सुरेंद्र सिंह को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
घटना क्या थी?
बच्ची स्कूल से घर लौटते समय पास के आम के बगीचे में आम बिनने चली गई थी। वहां आरोपी सुरेंद्र सिंह ने उसे अकेला पाकर अपना हवस का शिकार बना लिया और फरार हो गया। बच्ची खराब हालत में घर पहुंची, जिसके बाद उसे जिला अस्पताल ले जाया गया जहां दुराचार की पुष्टि हुई।
परिजनों की शिकायत पर तरयासुजान थाने में POCSO एक्ट और अन्य गंभीर BNS धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस अधीक्षक केशव कुमार ने बताया,
“जांच के दौरान पता चला कि स्कूल छुट्टी के बाद बच्ची आम के बगीचे में गई थी। उसी दौरान आरोपी ने उसे अकेला पाकर दुराचार किया और भाग गया।”13 अप्रैल को पुलिस की चार सदस्यीय टीम ने आरोपी सुरेंद्र सिंह को विरवट कोन्हवलिया गांव से गिरफ्तार किया। टीम का नेतृत्व सब-इंस्पेक्टर रामसहाय चौहान ने किया। आरोपी ने जुर्म कबूल भी कर लिया है।

